सौरमंडल के बाहर से आया सिग्नल वैज्ञानिकों ने सौरमंडल के बाहर मौजूद एक्सोप्लैनेट Beta Pictoris b से जुड़े रेडियो उत्सर्जन का अध्ययन किया है। इस तरह के रेडियो सिग्नल ग्रहों के चुंबकीय क्षेत्र और उनके आसपास होने वाली प्रक्रियाओं को समझने में मदद कर सकते हैं। उपलब्ध वैज्ञानिक जानकारी के आधार पर इसे एलियंस का संदेश मानने का कोई प्रमाण नहीं है।
कहां मौजूद है Beta Pictoris b Beta Pictoris b, Beta Pictoris नाम के तारे की परिक्रमा करने वाला एक विशाल गैसीय ग्रह है। यह पृथ्वी से लगभग 63 प्रकाश-वर्ष दूर स्थित Beta Pictoris सिस्टम का हिस्सा है। इस ग्रह की प्रत्यक्ष इमेजिंग पहले ही की जा चुकी है और 2026 में इसी सिस्टम में एक अन्य ग्रह Beta Pictoris d की भी रिपोर्ट सामने आई है।
रेडियो सिग्नल का वैज्ञानिक कारण ग्रहों से रेडियो उत्सर्जन का संबंध उनके चुंबकीय क्षेत्र और आवेशित कणों की गतिविधियों से हो सकता है। वैज्ञानिकों ने गैस-विशाल ग्रहों और अन्य चुंबकीय पिंडों में ऑरोरल प्रक्रियाओं से रेडियो उत्सर्जन के उदाहरण पहले भी देखे हैं।
एलियंस से संपर्क का प्रमाण नहीं रेडियो सिग्नल का मिलना अपने आप में किसी एलियन सभ्यता या संदेश का प्रमाण नहीं है। ऐसे संकेतों की वैज्ञानिक व्याख्या करने के लिए उनकी आवृत्ति, ध्रुवीकरण, समय के साथ बदलाव और संभावित स्रोत का विस्तृत अध्ययन किया जाता है।
MeerKAT की भूमिका दक्षिण अफ्रीका में स्थित MeerKAT रेडियो टेलीस्कोप अंतरिक्ष से आने वाले बेहद कमजोर रेडियो उत्सर्जनों के अध्ययन में इस्तेमाल किया जाता है। इस वेधशाला से ब्रह्मांड के विभिन्न रेडियो स्रोतों और चुंबकीय प्रक्रियाओं पर कई वैज्ञानिक अध्ययन किए गए हैं।







