पापांकुशा एकादशी कब है पंचांग के अनुसार वर्ष 2026 में पापांकुशा एकादशी का व्रत 22 अक्टूबर, गुरुवार को रखा जाएगा। एकादशी तिथि 21 अक्टूबर को दोपहर 2:11 बजे शुरू होकर 22 अक्टूबर को दोपहर 2:47 बजे समाप्त होगी। उदया तिथि के आधार पर 22 अक्टूबर को व्रत रखा जाएगा। व्रत का पारण 23 अक्टूबर को सुबह 6:27 बजे से 8:42 बजे के बीच करने की जानकारी दी गई है।
तुलसी पूजन का महत्व धार्मिक मान्यताओं के अनुसार तुलसी को भगवान विष्णु की प्रिय माना जाता है। इसी वजह से एकादशी के दिन भगवान विष्णु की पूजा में तुलसी दल अर्पित करने की परंपरा है। पापांकुशा एकादशी पर तुलसी के पौधे की पूजा कर परिवार की सुख-शांति और खुशहाली के लिए प्रार्थना करने की भी मान्यता है।
तुलसी से जुड़े उपाय पापांकुशा एकादशी के दिन सुबह स्नान के बाद तुलसी के पौधे की पूजा करने और शाम को उसके पास घी का दीपक जलाने की परंपरा बताई गई है। इसके बाद भगवान विष्णु का स्मरण कर परिवार की सुख-शांति के लिए प्रार्थना की जाती है। पूजा के दौरान भगवान विष्णु को तुलसी दल भी अर्पित किया जा सकता है।
पापांकुशा एकादशी की मान्यता धार्मिक मान्यताओं के अनुसार पापांकुशा एकादशी भगवान विष्णु के पद्मनाभ स्वरूप की पूजा और व्रत के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है। मान्यता है कि इस दिन व्रत और भगवान विष्णु की पूजा करने से व्यक्ति को पाप कर्मों से मुक्ति और मोक्ष की प्राप्ति की कामना का फल मिलता है। ये सभी बातें धार्मिक मान्यताओं पर आधारित हैं और इन्हें आस्था के संदर्भ में ही देखा जाना चाहिए।







