Home राजनीति Protesters Detained: यौन उत्पीड़न के आरोपों पर प्रदर्शनकारी हिरासत में

Protesters Detained: यौन उत्पीड़न के आरोपों पर प्रदर्शनकारी हिरासत में

महिला पत्रकारों समेत 17 प्रदर्शनकारी हिरासत में
दिल्ली में एक पुलिस अधिकारी पर कथित यौन उत्पीड़न के आरोपों को लेकर FIR दर्ज करने की मांग कर रहे प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने हिरासत में लिया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, संसद मार्ग थाने के सामने रातभर धरने पर बैठे तीन महिला पत्रकारों समेत कुल 17 लोगों को सोमवार सुबह पुलिस ने हिरासत में लिया। प्रदर्शनकारी आरोपों की जांच और संबंधित पुलिस अधिकारी के खिलाफ FIR की मांग कर रहे थे।

 

प्रदर्शनकारियों को दिल्ली कैंट थाने ले गई पुलिस
संसद मार्ग थाने के सामने प्रदर्शन करने वालों में फ्रीलांस पत्रकार, यूट्यूबर और एक कथित पीड़ित भी शामिल थे। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को एक-एक करके बस में बैठाया और दिल्ली कैंट पुलिस स्टेशन ले गई। एक महिला प्रदर्शनकारी ने मीडिया को बताया कि वे पुलिस अधिकारियों से मिलकर अपनी शिकायत की स्थिति जानना चाहते थे।

 

नई दिल्ली जिले में धारा 163 का हवाला
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के अनुसार, नई दिल्ली जिले में धारा 163 लागू है और संसद मार्ग पर बिना अनुमति लोगों के इकट्ठा होने और प्रदर्शन करने की अनुमति नहीं थी। पुलिस के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों को मौके से हटने के लिए कहा गया था, लेकिन उनके नहीं हटने के बाद उन्हें हिरासत में लेकर पुलिस स्टेशन ले जाया गया। अधिकारी ने कहा कि उन्हें जल्द रिहा किया जाना था।

 

महिला पत्रकारों ने भी दर्ज कराई शिकायत
DCP नेहा यादव के अनुसार, शनिवार को तीन महिला पत्रकारों ने हिरासत के दौरान दिल्ली पुलिस के अधिकारियों और कर्मचारियों पर कथित बदसलूकी के आरोप लगाते हुए अलग-अलग शिकायतें दी थीं। पुलिस के अनुसार, शिकायतें दर्ज करने के बाद उनका मेडिकल परीक्षण कराया गया और सभी शिकायतों को आगे की जांच के लिए क्राइम ब्रांच को भेज दिया गया।

 

क्राइम ब्रांच कर रही आरोपों की जांच
पुलिस के मुताबिक, महिला पत्रकारों ने आरोप लगाया है कि 3 अक्टूबर को जंतर-मंतर के पास विरोध प्रदर्शन को कवर करने के दौरान पुलिसकर्मियों ने उनके साथ यौन उत्पीड़न किया। इन आरोपों के बाद मामला क्राइम ब्रांच को सौंपा गया है और पुलिस का कहना है कि तथ्यों की जांच की जा रही है। प्रदर्शनकारी हालांकि संबंधित पुलिस अधिकारी के खिलाफ FIR दर्ज करने की मांग को लेकर अपना विरोध जारी रखे हुए थे।

 

पुलिस ने प्रदर्शनकारियों से हटने को कहा था
DCP नेहा यादव के अनुसार, प्रदर्शनकारियों को धारा 163 के प्रावधानों के बारे में पहले ही जानकारी दी गई थी। पुलिस का कहना है कि बिना लिखित अनुमति पांच या उससे अधिक लोगों का एकत्र होना और प्रदर्शन करना प्रतिबंधित था। इसी आधार पर पुलिस ने कार्रवाई की, जबकि प्रदर्शनकारियों का कहना था कि वे अपनी शिकायत की स्थिति जानने और FIR की मांग को लेकर वहां मौजूद थे।