मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कांग्रेस के देशव्यापी विरोध प्रदर्शन के दौरान असम कांग्रेस अध्यक्ष और सांसद गौरव गोगोई समेत कई वरिष्ठ नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया। रिपोर्टों के मुताबिक गोगोई के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ता राजीव भवन से मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय की ओर मार्च कर रहे थे। पुलिस ने रास्ते में बैरिकेड लगाए थे और इन्हें पार करने की कोशिश के दौरान नेताओं को हिरासत में लिया गया।कांग्रेस की ओर से इस प्रदर्शन में CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और उन्हें पद से हटाने की मांग की गई। पार्टी ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर भी सवाल उठाए हैं। ये मांगें कांग्रेस के राजनीतिक दावे और आरोप हैं, जिन्हें पार्टी ने प्रदर्शन के दौरान उठाया है।
उत्तर प्रदेश में भी कांग्रेस का प्रदर्शन
25 सितंबर को कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में चुनाव आयोग से जुड़े कार्यालयों और अन्य स्थानों पर विरोध प्रदर्शन किया। आगरा में युवा कांग्रेस ने मतदाता सूची में नाम जोड़ने-काटने की प्रक्रिया, दावों और आपत्तियों तथा चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता को लेकर प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग से इन मुद्दों पर स्पष्टीकरण की मांग की।हालांकि उपलब्ध रिपोर्टों में गौरव गोगोई की हिरासत की घटना उत्तर प्रदेश के बजाय असम के गुवाहाटी से जुड़ी है। इसलिए खबर में दोनों घटनाओं को अलग-अलग रखना तथ्यात्मक रूप से अधिक सही होगा। देश के कई अन्य हिस्सों में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया और CEC के इस्तीफे की मांग उठाई।







