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Nana Patekar Dies At 75: नाना पाटेकर का 75 साल की उम्र में निधन, गोवा में आया कार्डियक अरेस्ट

नाना पाटेकर का 75 साल की उम्र में निधन
दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का 75 वर्ष की उम्र में 8 अक्टूबर 2026 को निधन हो गया। रिपोर्टों के मुताबिक, वह गोवा स्थित अपने घर में बेहोश मिले थे, जिसके बाद उन्हें मणिपाल अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। अस्पताल के डॉक्टर शेखर सालकर के अनुसार, नाना पाटेकर को गंभीर कार्डियक अरेस्ट आया था।

 

45 मिनट तक CPR के बाद भी नहीं बच सके
अस्पताल में मेडिकल टीम ने करीब 45 मिनट तक CPR देकर उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन उन्हें पुनर्जीवित नहीं किया जा सका। रिपोर्टों के अनुसार, उन्हें सुबह करीब 5:20 बजे मृत घोषित किया गया। मामले में मेडिको-लीगल केस दर्ज किया गया है और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया की जानी है।

 

नाना पाटेकर का फिल्मी सफर
नाना पाटेकर ने हिंदी और मराठी सिनेमा में लंबे समय तक अपनी अलग पहचान बनाई। उन्होंने अभिनय के साथ निर्देशन और थिएटर में भी काम किया। ‘परिंदा’ के लिए उन्हें बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर, ‘क्रांतिवीर’ के लिए बेस्ट एक्टर और ‘अग्नि साक्षी’ के लिए बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिला था। 2013 में उन्हें पद्म श्री से भी सम्मानित किया गया था।

 

सेना के साथ भी जुड़े थे नाना पाटेकर
नाना पाटेकर अपने अभिनय के अलावा सेना के साथ जुड़े अनुभवों के लिए भी जाने जाते थे। 1999 में उन्होंने सेना की क्विक रिस्पॉन्स टीम के साथ एलओसी क्षेत्र में समय बिताया था। उन्होंने अपने कई सार्वजनिक बयानों में सेना के अनुशासन और वहां बिताए समय का उल्लेख किया था। उनके निधन की खबर के बाद फिल्म जगत और उनके प्रशंसकों में शोक की लहर है।

Tu Hai Meri Kiran Trailer: जहीर इकबाल के सनकी किरदार पर ‘डर’ जैसी कल्ट फिल्म से तुलना का दबाव

सोनाक्षी और जहीर की फिल्म का ट्रेलर रिलीज
सोनाक्षी सिन्हा और जहीर इकबाल शादी के बाद पहली बार बड़े पर्दे पर साथ नजर आने वाले हैं। दोनों की फिल्म ‘तू है मेरी किरण’ का ट्रेलर 6 अक्टूबर को रिलीज किया गया। करण रावल के निर्देशन में बनी यह फिल्म सामान्य रोमांटिक कहानी से अलग मनोवैज्ञानिक थ्रिलर के तौर पर सामने आ रही है। फिल्म में प्यार, पीछा करने की सनक, डर और मानसिक दबाव जैसे पहलुओं को दिखाया गया है। फिल्म 23 अक्टूबर को सिनेमाघरों में रिलीज होगी।

 

जहीर इकबाल के किरदार में दिखा खतरनाक जुनून
ट्रेलर की शुरुआत जहीर इकबाल के किरदार के प्यार भरे अंदाज से होती है, लेकिन धीरे-धीरे यही प्यार जुनून और डरावने ऑब्सेशन में बदलता दिखाई देता है। उनका किरदार किरण को अपने प्यार को स्वीकार करने के लिए मजबूर करता नजर आता है। ट्रेलर में उनका व्यवहार एक ऐसे व्यक्ति की तस्वीर पेश करता है जो सामने वाले की निजी जिंदगी और भावनाओं पर अपना नियंत्रण चाहता है।

 

‘डर’ से तुलना बढ़ा रही है किरदार का दबाव
फिल्म के ट्रेलर में जहीर के किरदार और 1993 की शाहरुख खान स्टारर फिल्म ‘डर’ के बीच तुलना की गुंजाइश नजर आती है। ‘डर’ में राहुल मेहरा का जुनूनी प्रेमी वाला किरदार हिंदी सिनेमा के यादगार नेगेटिव किरदारों में शामिल रहा है। ‘तू है मेरी किरण’ में भी ‘किरण’ नाम और सनकी प्रेमी का एंगल होने के कारण दर्शकों को उस फिल्म की याद आना स्वाभाविक है। ऐसे में जहीर के सामने उस स्थापित किरदार से अलग अपनी पहचान बनाने की चुनौती है।

 

‘ऑब्सेशन’ जैसी साइकोलॉजिकल थ्रिलर की झलक
ट्रेलर की कहानी और विजुअल ट्रीटमेंट में हॉलीवुड की साइकोलॉजिकल थ्रिलर फिल्मों जैसी झलक भी दिखाई देती है। जहीर का किरदार किरण की जिंदगी में लगातार दखल देता और उसे फॉलो करता नजर आता है, जबकि सोनाक्षी का किरदार उसका विरोध करते हुए अपनी भावनाओं और फैसलों पर नियंत्रण बनाए रखने की कोशिश करता है। चोट के निशान और घटनाओं के बदलते संकेत कहानी में रहस्य और मानसिक खेल का माहौल तैयार करते हैं।

 

सोनाक्षी और जहीर की एक्टिंग पर टिकी उम्मीदें
सोनाक्षी सिन्हा ट्रेलर में एक ऐसी महिला के किरदार में नजर आती हैं जो डर और दबाव के बावजूद अपनी बात मजबूती से रखती है। वहीं जहीर इकबाल ने अपनी सामान्य लवर-बॉय छवि से अलग एक नकारात्मक और अनप्रिडिक्टेबल किरदार निभाने की कोशिश की है। ऐसे किरदार में संतुलित अभिनय बड़ी चुनौती होता है, क्योंकि जरा सी अतिशयोक्ति कहानी के प्रभाव को कमजोर कर सकती है।

 

23 अक्टूबर को सिनेमाघरों में आएगी फिल्म
‘तू है मेरी किरण’ का ट्रेलर रिलीज होने के बाद फिल्म को लेकर चर्चा तेज हो गई है। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या जहीर इकबाल अपने किरदार के जरिए ‘डर’ जैसी पुरानी तुलना से आगे निकल पाएंगे और क्या फिल्म साइकोलॉजिकल थ्रिलर के तौर पर अपनी अलग पहचान बना पाएगी। फिल्म 23 अक्टूबर को सिनेमाघरों में रिलीज होगी।

Indian Navy Fleet Support: भारतीय नौसेना को मिला नया फ्लीट सपोर्ट शिप

बेड़े के सहायक जहाजों की आधिकारिक शुरुआत
विशाखापत्तनम, 7 अक्टूबर 2026। भारतीय नौसेना की समुद्री ताकत बढ़ाने की दिशा में बड़ी उपलब्धि सामने आई है। विशाखापत्तनम के हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड (HSL) में तैयार हो रहे फ्लीट सपोर्ट शिप श्रृंखला के पहले जहाज FSS-1 को 6 अक्टूबर को लॉन्च कर दिया गया। खास बात यह है कि इस जहाज में 82 प्रतिशत से ज्यादा स्वदेशी सामग्री का इस्तेमाल किया गया है। इससे समुद्र में तैनात भारतीय नौसेना के युद्धपोतों को लंबे अभियानों के दौरान जरूरी सामान और लॉजिस्टिक सपोर्ट मिल सकेगा।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह रहे मौजूद

FSS-1 के लॉन्चिंग कार्यक्रम में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। नौसेना की परंपराओं के अनुसार नौसेना कल्याण एवं स्वास्थ्य संघ (NWWA) की अध्यक्ष श्रीमती लैला स्वामीनाथन ने जहाज का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में नौसेना प्रमुख एडमिरल कृष्णा स्वामीनाथन के अलावा भारतीय नौसेना, रक्षा मंत्रालय और हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।

FSS-5 की भी रखी गई नींव

कार्यक्रम में सिर्फ FSS-1 का लॉन्च ही नहीं हुआ, बल्कि फ्लीट सपोर्ट शिप श्रृंखला के पांचवें जहाज FSS-5 की नींव भी रखी गई। इसके साथ ही रक्षा मंत्री ने HSL में तैयार किए गए ऑगमेंटेड स्लिपवे का उद्घाटन किया। इस नई सुविधा से शिपयार्ड की जहाज निर्माण क्षमता बढ़ने और बड़े जहाजों के निर्माण में तेजी आने की उम्मीद है।

 

डिजाइन और निर्माण में 82% से ज्यादा स्वदेशी सामग्री का उपयोग 

फ्लीट सपोर्ट शिप का डिजाइन और निर्माण भारत में ही किया जा रहा है। इन जहाजों में 82 प्रतिशत से अधिक स्वदेशी सामग्री का इस्तेमाल हुआ है। इससे भारतीय जहाज निर्माण उद्योग, रक्षा कंपनियों और छोटे एवं मध्यम उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा। यह परियोजना भारतीय नौसेना, हिंदुस्तान शिपयार्ड, रक्षा उद्योगों और MSME क्षेत्र के बीच सहयोग का उदाहरण भी है। इससे देश में रक्षा उत्पादन के साथ रोजगार और तकनीकी कौशल के अवसर बढ़ने की उम्मीद है।

क्या काम करेगा FSS?
फ्लीट सपोर्ट शिप का सबसे बड़ा काम समुद्र में तैनात नौसेना के जहाजों को लगातार रसद और जरूरी सामान की आपूर्ति करना होगा। इससे युद्धपोतों को बार-बार बंदरगाह लौटने की जरूरत कम होगी और वे लंबे समय तक समुद्र में अभियान चला सकेंगे। इससे भारतीय नौसेना की ब्लू वाटर क्षमता यानी दूर समुद्र में लंबे समय तक संचालन करने की क्षमता और मजबूत होगी। साथ ही नौसेना की रणनीतिक पहुंच और गतिशीलता में भी बढ़ोतरी होगी।

आपदा में भी आएगा काम
इन जहाजों का इस्तेमाल सिर्फ सैन्य जरूरतों तक सीमित नहीं रहेगा। प्राकृतिक आपदा या किसी बड़े मानवीय संकट के समय इन्हें मानवीय सहायता एवं आपदा राहत (HADR) अभियानों में लगाया जा सकेगा। जरूरत पड़ने पर गैर-लड़ाकू निकासी अभियान (NEO) में भी इन जहाजों की मदद ली जा सकेगी। यानी संकटग्रस्त इलाकों से लोगों को सुरक्षित निकालने और राहत सामग्री पहुंचाने में भी ये महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

आत्मनिर्भर भारत को मिलेगा बढ़ावा
FSS परियोजना को भारत के स्वदेशी जहाज निर्माण और रक्षा उत्पादन की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। 82 प्रतिशत से ज्यादा स्वदेशी सामग्री का इस्तेमाल देश की बढ़ती निर्माण क्षमता को दर्शाता है। यह परियोजना प्रधानमंत्री के आत्मनिर्भर भारत और मेक इन इंडिया अभियान को भी मजबूती देती है। आने वाले समय में ऐसे स्वदेशी जहाज भारतीय नौसेना की समुद्री ताकत और देश की रणनीतिक क्षमता को और मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएंगे।

Opposition Protest Continues: ज्ञानेश कुमार के खिलाफ दूसरे दिन भी राहुल-प्रियंका का हल्ला बोल, 6 घंटे चला प्रदर्शन

ज्ञानेश कुमार के खिलाफ दूसरे दिन भी प्रदर्शन
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष का विरोध प्रदर्शन बुधवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रदर्शन से पहले जनपथ स्थित रेस्टोरेंट में कांग्रेस सांसदों और INDIA गठबंधन के नेताओं के लिए लंच आयोजित किया। इसके बाद विपक्षी सांसद जंतर-मंतर की ओर बढ़े, लेकिन पुलिस ने उन्हें रास्ते में रोक दिया। राहुल गांधी, प्रियंका गांधी समेत कई नेताओं और कार्यकर्ताओं की पुलिस से तीखी बहस और धक्का-मुक्की हुई।

 

करीब 6 घंटे तक सड़कों पर डटे रहे राहुल-प्रियंका
प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी और प्रियंका गांधी समेत विपक्षी नेता कई घंटे तक सड़कों पर डटे रहे। प्रियंका गांधी संविधान की प्रति हाथ में लेकर सड़क पर बैठ गईं और बाद में लेट गईं। इसके बाद अन्य विपक्षी नेता भी वहीं बैठ गए और नारेबाजी की। पुलिस ने राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अन्य नेताओं को हिरासत में लिया। कुछ समय बाद राहुल गांधी को पुलिस ने रिहा कर दिया।

 

प्रदर्शन के दौरान बढ़ा तनाव
प्रदर्शन के दौरान पुलिस द्वारा विपक्षी नेताओं को जंतर-मंतर जाने से रोकने पर मौके पर तनाव बढ़ गया। रिपोर्ट के मुताबिक कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राहुल गांधी को ले जा रही बस के पहियों की हवा निकाल दी और बस के शीशे भी क्षतिग्रस्त हुए, जिसके बाद पुलिस को दूसरी बस बुलानी पड़ी। विपक्षी नेताओं ने पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए और आरोप लगाया कि प्रदर्शनकारियों के साथ बल प्रयोग किया गया।

 

राहुल गांधी ने सरकार और चुनाव आयोग पर साधा निशाना
पुलिस हिरासत से रिहा होने के बाद राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए कहा कि विपक्षी सांसद लोकतंत्र की रक्षा के लिए संसद और सड़कों पर मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मार्च और बैठक की अनुमति रोकी जा सकती है, लेकिन विपक्ष के संकल्प को नहीं रोका जा सकता। राहुल गांधी ने नरेंद्र मोदी, अमित शाह, ज्ञानेश कुमार और पूरी व्यवस्था को जवाबदेह ठहराने की बात कही।

 

8 अक्टूबर को कांग्रेस मनाएगी 'काला दिवस'
कांग्रेस नेतृत्व ने 8 अक्टूबर को देशभर में 'काला दिवस' मनाने का फैसला किया है। पार्टी ने सभी राज्य, जिला और ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों को प्रदर्शन आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। कांग्रेस का कहना है कि दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अन्य सांसदों के खिलाफ कथित पुलिस कार्रवाई के विरोध में यह अभियान चलाया जाएगा। विपक्षी सांसदों के दिल्ली में भी विरोध जारी रखने की संभावना है।

 

10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर बड़े प्रदर्शन की तैयारी
विपक्षी दलों ने 10 अक्टूबर को दिल्ली में एक और बड़े प्रदर्शन की तैयारी शुरू कर दी है। INDIA गठबंधन के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने 'चलो जंतर-मंतर' अभियान का आह्वान किया है। विभिन्न राज्यों से नेताओं और कार्यकर्ताओं के दिल्ली पहुंचने की संभावना है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के भी राजधानी पहुंचने का कार्यक्रम बताया गया है, जिससे 10 अक्टूबर का प्रदर्शन विपक्ष के बड़े शक्ति प्रदर्शन में बदल सकता है।

Aaj Ka Rashifal: 08 अक्टूबर 2026 राशिफल: गुरु प्रदोष पर मिथुन-वृषभ को लाभ, धनु-मीन भी रहेंगे आगे

08 अक्टूबर 2026 का राशिफल
08 अक्टूबर 2026, गुरुवार को त्रयोदशी तिथि होने के कारण गुरु प्रदोष व्रत रहेगा और रात में चतुर्दशी तिथि शुरू होने से मासिक शिवरात्रि का संयोग भी बन रहा है। ज्योतिषीय गणना के अनुसार चंद्रमा सिंह राशि में रहेगा और रात 9:20 बजे के बाद नक्षत्र परिवर्तन होगा। आज मिथुन, वृषभ, धनु और मीन राशि वालों के लिए दिन अपेक्षाकृत अनुकूल रहने की संभावना जताई गई है।

 

मेष से कर्क राशि का राशिफल
मेष राशि वालों का सुबह का कोई प्लान बिगड़ सकता है, लेकिन दोपहर तक रुका काम आगे बढ़ने की संभावना है। अचानक धन प्राप्ति हो सकती है, हालांकि जोखिम वाली जगह निवेश से बचना बेहतर रहेगा। वृषभ राशि वालों के लिए नया काम शुरू करने का दिन अनुकूल बताया गया है और परिवार के बड़े से आर्थिक मदद मिल सकती है। मिथुन राशि वालों को काम या मंच पर तारीफ मिल सकती है और रुकी हुई बड़ी रकम मिलने के संकेत हैं। कर्क राशि वालों का पुराना अटका काम पूरा हो सकता है, लेकिन कमाई के साथ अनावश्यक खर्च भी बढ़ सकता है।

 

सिंह से तुला राशि का राशिफल
सिंह राशि वालों को दफ्तर के काम में सावधानी बरतने और हर काम जांचकर आगे बढ़ाने की सलाह दी गई है। पुराने दोस्त से मदद मिल सकती है। कन्या राशि वालों के परिवार के साथ यात्रा या दर्शन का कार्यक्रम बन सकता है, लेकिन किसी की तबीयत को लेकर परेशानी हो सकती है और उधार दिया पैसा मिलने में देरी संभव है। तुला राशि वालों को सहकर्मी और दोस्तों के मामलों में सावधानी बरतनी चाहिए तथा किसी के कहने पर निवेश करने से बचना चाहिए।

 

वृश्चिक से धनु राशि का राशिफल
वृश्चिक राशि वालों को काम में प्रशंसा मिल सकती है और कारोबार से जुड़े लोगों को सरकारी ऑर्डर या मंजूरी जैसी अच्छी खबर मिलने की संभावना है। हालांकि प्रेम संबंधों में शक और गलतफहमी से बचने की सलाह दी गई है। धनु राशि वालों के किसी रुके हुए काम में रास्ता खुल सकता है और कारोबार के सिलसिले में यात्रा करनी पड़ सकती है। यात्रा के दौरान अपने सामान का ध्यान रखने की सलाह दी गई है।

 

मकर से मीन राशि का राशिफल
मकर राशि वालों को आज अपने दम पर काम पूरा करना पड़ सकता है, क्योंकि बॉस या साथियों से अपेक्षित मदद कम मिलने की संभावना है। उधार लेने से बचने की सलाह दी गई है। कुंभ राशि वालों के दांपत्य जीवन में छोटी बात पर मतभेद हो सकता है और अनजान लिंक या कॉल से सावधान रहना चाहिए। मीन राशि वालों के लिए परीक्षा, इंटरव्यू या किसी मुकाबले में सफलता के संकेत हैं। सरकारी दफ्तर में अटका काम भी आगे बढ़ सकता है।

 

ज्योतिषीय जानकारी को लेकर जरूरी बात
इस राशिफल में दी गई बातें ज्योतिषीय मान्यताओं और गणनाओं पर आधारित हैं। इन्हें निश्चित भविष्यवाणी या वैज्ञानिक तथ्य के रूप में नहीं लेना चाहिए। किसी भी महत्वपूर्ण वित्तीय, स्वास्थ्य, करियर या व्यक्तिगत निर्णय के लिए स्वतंत्र रूप से उचित जानकारी और विशेषज्ञ सलाह लेना बेहतर है।

Rahul Gandhi Released: जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए गए राहुल गांधी रिहा

ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, एसआईआर और कथित वोट चोरी के मुद्दे पर INDI गठबंधन के सांसदों ने बुधवार को जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस के नेतृत्व में विपक्षी सांसदों ने कहा कि वे चुनाव आयोग से जुड़े मुद्दों को लेकर अपनी बात देश के सामने रखना चाहते हैं। राहुल गांधी ने भी प्रदर्शन के दौरान ज्ञानेश कुमार के खिलाफ गंभीर आरोप लगाए और उनके इस्तीफे की मांग दोहराई।

 

 

जंतर-मंतर पहुंचते ही पुलिस ने शुरू की कार्रवाई

राहुल गांधी के जंतर-मंतर पहुंचने के बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने की कार्रवाई शुरू की। कांग्रेस कार्यकर्ताओं और विपक्षी सांसदों को हिरासत में लिया गया। रिपोर्ट के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोकने के दौरान मौके पर तनाव बढ़ गया और कई नेताओं को पुलिस वाहनों में ले जाया गया। प्रियंका गांधी वाड्रा के अस्वस्थ महसूस करने की भी जानकारी सामने आई।

 

 

राहुल गांधी हिरासत में लिए गए, बाद में रिहा

ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर जंतर-मंतर जा रहे राहुल गांधी को दिल्ली पुलिस ने हिरासत में लिया। कुछ देर बाद पुलिस ने उन्हें रिहा कर दिया। इससे पहले मंगलवार को भी राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और अन्य विपक्षी नेताओं को दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिया गया था और बाद में उन्हें छोड़ दिया गया था।

 

 

पुलिस कार्रवाई को लेकर विपक्ष ने उठाए सवाल

हिरासत में लिए जाने के बाद विपक्षी नेताओं ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए। RJD सांसद मनोज कुमार झा ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने बल प्रयोग किया और इसे क्रूरता की पराकाष्ठा बताया। दूसरी ओर, प्रदर्शन के दौरान राहुल गांधी को ले जा रही बस को कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा क्षतिग्रस्त किए जाने की भी जानकारी सामने आई, जिसके बाद मौके पर तनाव और बढ़ गया।

 

 

चुनाव आयोग के बाहर भी बढ़ाई गई सुरक्षा

विपक्ष के प्रदर्शन को देखते हुए केंद्रीय दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई थी। चुनाव आयोग की ओर जाने वाले प्रमुख रास्तों पर पुलिस बल और बैरिकेडिंग तैनात की गई। INDI गठबंधन के सांसदों ने आरोप लगाया कि उन्हें चुनाव आयुक्तों से मिलने से रोका गया, जबकि विपक्ष अब जंतर-मंतर के जरिए चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची से जुड़े अपने सवालों को उठाने पर जोर दे रहा है।

Opposition Protest In Delhi: दिल्ली में CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष का प्रदर्शन जारी

दिल्ली में विपक्ष का प्रदर्शन जारी
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ दिल्ली में इंडिया गठबंधन का विरोध प्रदर्शन बुधवार को भी जारी रहा। विपक्षी दलों ने मतदाता सूची और एसआईआर प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए हैं। मंगलवार को राहुल गांधी, प्रियंका गांधी समेत विपक्षी सांसदों ने चुनाव आयोग की ओर मार्च किया था, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें रोक दिया था।

 

खरगे की लंच मीटिंग में आगे की रणनीति पर चर्चा
राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने जनपथ स्थित एक रेस्टोरेंट में विपक्षी सांसदों के लिए लंच मीटिंग बुलाई। बैठक में राहुल गांधी, प्रियंका गांधी समेत कई विपक्षी सांसद शामिल हुए। बैठक में मुख्य चुनाव आयुक्त से मुलाकात के लिए पत्र पर हस्ताक्षर करने और आगे के कार्यक्रम को अंतिम रूप देने पर चर्चा हुई। विपक्षी नेताओं ने राष्ट्रपति से मिलने की इच्छा भी जताई।

 

AAP कार्यकर्ताओं को कश्मीरी गेट के पास रोका
आम आदमी पार्टी के नेता और कार्यकर्ता कश्मीरी गेट के पास सिंधी अकादमी से दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय की ओर मार्च कर रहे थे। पुलिस ने बैरिकेड लगाकर प्रदर्शनकारियों को आगे बढ़ने से रोक दिया। AAP ने मतदाता सूची में कथित गड़बड़ी और 'वोट चोरी' के आरोपों को लेकर प्रदर्शन का आह्वान किया था।

 

जंतर-मंतर और संसद मार्ग पर सुरक्षा कड़ी
विपक्ष के प्रदर्शन को देखते हुए जंतर-मंतर, संसद मार्ग और आसपास के इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। पुलिस और अर्धसैनिक बलों की तैनाती के साथ कई जगह बैरिकेडिंग की गई है। जंतर-मंतर रोड के आसपास BNSS की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा भी लागू की गई है।

 

ECI ने मुलाकात के अनुरोध पर दिया बयान
मंगलवार के प्रदर्शन के बाद निर्वाचन आयोग ने कहा कि शाम चार बजे तक किसी राजनीतिक दल ने औपचारिक रूप से मुलाकात का समय नहीं मांगा था। आयोग के मुताबिक, बाद में दिल्ली पुलिस के माध्यम से राहुल गांधी के नेतृत्व वाले सांसदों के प्रतिनिधिमंडल के मिलने और ज्ञापन सौंपने की जानकारी मिली। इस मुद्दे पर बीजेपी और कांग्रेस के बीच भी तीखी बयानबाजी जारी है।

 

CJP ने 10 अक्टूबर के प्रदर्शन की तैयारी कीकॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का ऐलान किया है। पार्टी के को-कन्वीनर सौरव दास संसद मार्ग पुलिस स्टेशन पहुंचे और प्रस्तावित प्रदर्शन की सूचना देने की बात कही। CJP का दावा है कि प्रदर्शन में युवा और Gen Z के लोग शामिल होंगे तथा मतदाता सूची, कथित 'वोट चोरी' और ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे समेत चुनाव सुधारों के मुद्दे उठाए जाएंगे।

HSL Boosts Shipbuilding: एचएसएल ने 300 टन की स्वदेशी गोलियथ क्रेन और अपग्रेडेड स्लिपवे-4 खोला

एचएसएल ने एक दिन में पूरे किए तीन बड़े मील के पत्थर
हिंदुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड (HSL) ने विशाखापत्तनम स्थित अपने शिपयार्ड में रक्षा और स्वदेशी जहाज निर्माण से जुड़े तीन अहम मील के पत्थर हासिल किए। इस दौरान 300 टन क्षमता वाली स्वदेशी गोलियथ क्रेन और अपग्रेडेड स्लिपवे-4 का उद्घाटन किया गया। इसके साथ ही भारतीय नौसेना के लिए तैयार किए जा रहे पांच फ्लीट सपोर्ट शिप में से पहले एफएसएस-1 को लॉन्च किया गया और पांचवें जहाज एफएसएस-5 की कील रखी गई। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अपनी पहली एचएसएल यात्रा के दौरान इन कार्यक्रमों का नेतृत्व किया।

 

300 टन की गोलियथ क्रेन से बढ़ेगी निर्माण क्षमता
एचएसएल के अनुसार, गोलियथ क्रेन को मेक इन इंडिया पहल के तहत एलएंडटी जियोस्ट्रक्चर ने कोनेक्रेन्स के साथ मिलकर डिजाइन और निर्मित किया है। रेल पर चलने वाली यह गैन्ट्री क्रेन स्लिपवे-3 और स्लिपवे-4 तक फैली है और भारी जहाज निर्माण ब्लॉकों को अधिक तेजी और सटीकता से संभालने में मदद करेगी। क्रेन में पीएलसी कंट्रोल, वेरिएबल फ्रीक्वेंसी ड्राइव, टैंडम लिफ्टिंग की क्षमता, रिमोट डायग्नोस्टिक्स और कंडीशन मॉनिटरिंग जैसी सुविधाएं दी गई हैं।

 

स्लिपवे-4 अब 45 हजार डेडवेट टन तक के जहाज संभाल सकेगा
एचएसएल ने अपग्रेडेड स्लिपवे-4 की क्षमता भी बढ़ाई है। शिपयार्ड के मुताबिक, अब यहां 45,000 डेडवेट टन तक के जहाजों का निर्माण और लॉन्च किया जा सकता है। एचएसएल का कहना है कि नई क्रेन और अपग्रेडेड स्लिपवे मिलकर बड़े और अधिक जटिल जहाज निर्माण कार्यक्रमों को पूरा करने की क्षमता को मजबूत करेंगे।

 

भारतीय नौसेना के लिए FSS-1 लॉन्च, FSS-5 की कील रखी
कार्यक्रम के दौरान भारतीय नौसेना के लिए बनाए जा रहे पांच फ्लीट सपोर्ट शिप में से पहले एफएसएस-1 को लॉन्च किया गया। इसके साथ ही एफएसएस-5 की कील रखकर उसके निर्माण की औपचारिक शुरुआत की गई। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इन उपलब्धियों को भारत की समुद्री और रक्षा आत्मनिर्भरता से जोड़ते हुए एचएसएल की क्षमता की सराहना की।

 

आत्मनिर्भर जहाज निर्माण पर जोर
राजनाथ सिंह ने कहा कि उन्नत स्लिपवे और 300 टन की गोलियथ क्रेन के साथ एचएसएल बड़े और अधिक जटिल जहाजों के निर्माण के लिए तैयार है। उन्होंने एफएसएस-1 के लॉन्च और एफएसएस-5 की शुरुआत को देश की आत्मनिर्भरता और भारतीय नौसेना की समुद्री क्षमता को मजबूत करने वाला कदम बताया। एचएसएल के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक रियर एडमिरल सी. रघुराम (सेवानिवृत्त) ने भी इस उपलब्धि को कर्मचारियों, भारतीय नौसेना और व्यापारिक साझेदारों के सहयोग का परिणाम बताया।

Nagpur Teen Held In Father’s Death: नागपुर में 17 वर्षीय किशोरी पर पिता की हत्या का आरोप

नागपुर में पिता की मौत का मामला
नागपुर में 17 वर्षीय किशोरी पर अपने 45 वर्षीय पिता की हत्या करने का आरोप लगा है। पुलिस के अनुसार, घटना सोमवार रात एमआईडीसी थाना क्षेत्र में हुई। मामले की पृष्ठभूमि में किशोरी द्वारा पिता पर लंबे समय से यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए जाने की बात सामने आई है।

 

घटना के बाद पुलिस से किया संपर्क
पुलिस के मुताबिक, घटना के बाद किशोरी ने कुछ समय बाद अधिकारियों से संपर्क कर पूरी घटना की जानकारी दी। पुलिस ने मामले की जांच शुरू करते हुए किशोरी को हिरासत में लिया और पिता की मौत से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की।

 

पिता पर लगाए गए गंभीर आरोप
पुलिस शिकायत के अनुसार, किशोरी ने आरोप लगाया कि उसके पिता लंबे समय से उसके साथ अनुचित व्यवहार और यौन उत्पीड़न करते थे। पुलिस ने बताया कि परिवार में विवाद और पिता के शराब सेवन से जुड़ी शिकायतें भी सामने आई हैं। मामले में लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है।

 

किशोर न्याय बोर्ड के सामने पेशी
पुलिस ने नाबालिग को किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश किया। बोर्ड ने उसे अमरावती के एक रिमांड होम भेजने का आदेश दिया। पुलिस अब घटना की परिस्थितियों, परिवार के सदस्यों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की जांच कर रही है।

 

पुलिस जांच जारी
मामले में हत्या से संबंधित कानूनी कार्रवाई की गई है। चूंकि आरोपी नाबालिग है, इसलिए आगे की प्रक्रिया किशोर न्याय कानून के तहत की जा रही है। पुलिस घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है और लगाए गए यौन उत्पीड़न के आरोपों की भी पड़ताल की जा रही है।

DMK Backs Rahul Protest: राहुल गांधी पर हमले के 24 घंटे बाद DMK का बदला रुख

DMK ने बदला राहुल गांधी को लेकर रुख
तमिलनाडु की राजनीति में राहुल गांधी और डीएमके को लेकर 24 घंटे के भीतर बदले रुख ने ध्यान खींचा है। मंगलवार को डीएमके प्रवक्ता सरवनन अन्नादुरई ने तमिलनाडु में SIR प्रक्रिया के दौरान कथित मतदाता नाम कटने के मुद्दे पर राहुल गांधी से सवाल किए थे। उन्होंने पूछा था कि राहुल गांधी इस मामले पर स्पष्ट रुख क्यों नहीं अपना रहे हैं।

 

विरोध प्रदर्शन के समर्थन में डीएमके
उपलब्ध रिपोर्ट के मुताबिक, बुधवार को डीएमके के मुख्य प्रवक्ता टी.के.एस. इलंगोवन ने राहुल गांधी और विपक्षी दलों के विरोध का समर्थन किया। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष की मांगों का समर्थन करते हुए कहा कि सरकार के गलत कामों के खिलाफ आवाज उठाना नागरिकों का अधिकार है।

 

राहुल गांधी ने किया था प्रदर्शन
मंगलवार को राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्षी सांसदों ने संसद से चुनाव आयोग के कार्यालय की ओर मार्च किया था। प्रदर्शन के दौरान विपक्ष ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और मतदाता सूची के SIR अभियान को लेकर अपनी मांगें उठाईं। दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोका और कई विपक्षी सांसदों को हिरासत में लिया था।

 

DMK-कांग्रेस रिश्तों की पृष्ठभूमि
यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के बाद डीएमके और कांग्रेस के बीच पुराने राजनीतिक समीकरण बदल चुके हैं। दोनों दलों के बीच गठबंधन टूटने के बाद SIR और चुनाव आयोग से जुड़े मुद्दों पर अलग-अलग रुख सामने आए हैं। डीएमके ने तमिलनाडु में मतदाता सूची में कथित बदलावों को लेकर भी सवाल उठाए हैं।

 

SIR को लेकर जारी राजनीतिक विवाद
तमिलनाडु में SIR के दौरान कथित तौर पर बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम हटाए जाने का मुद्दा राजनीतिक बहस का विषय बना हुआ है। डीएमके ने इस पर राहुल गांधी से भी अपना रुख स्पष्ट करने को कहा है, जबकि विपक्षी दल राष्ट्रीय स्तर पर चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। इन आरोपों और उनके प्रभाव को लेकर राजनीतिक दलों के बीच मतभेद जारी हैं।